Muzaffarpur में स्वास्थ्य विभाग का गजब कारनामा, मृतक व्यक्ति को लगा डाली Corona वैक्सीन की दूसरी डोज

मुजफ्फरपुर में स्वास्थ्य विभाग के अजीबोगरीब कारनामें हमेशा सामने आते रहते हैं। कभी बिना वैक्सीन लिए मैसेज आ जाना तो कभी मृत व्यक्ति को दो-दो बार मुआवजा देना हो। अब इस बार ऐसा ही एक कारनामा सामने आया है। जिसमें स्वास्थ्य विभाग की लापरवाही सामने आ रही है। कोरोना बीमारी से जिस व्यक्ति की आठ माह पूर्व मौत हुई थी। अब उस मृत व्यक्ति को कोरोना वैक्सीन का दूसरा डोज कम्प्लीट होने का मैसेज और सर्टिफिकेट भेजा गया है।




यह मामला कांटी थाना क्षेत्र के फुलकाहां के कमल किशोर सिंह का है। उनके पिता राम सिहांसन सिंह (64) की मौत 6 माह पूर्व कोरोना से हुई थी। अब उन्हें दूसरा डोज कम्प्लीट होने का मैसेज मिला है। इसकी जानकारी स्वयं कमल किशोर ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो पोस्ट कर दी।


चार लाख का चेक भी मिल चुका
मृतक के पुत्र बताते हैं कि 10 मई को उनके पिता की मौत शहर के हॉस्पिटल में हो गयी थी। वहां से डेथ सर्टिफिकेट मिला। फिर नगर निगम से मृत्यु प्रमाण पत्र भी बनवाया। कोरोना से मौत हुई थी। इसलिए सरकार की तरफ से मिलने वाली चार लाख की राशि का चेक भी मिल गया और बैंक से क्लीयरैंस भी हो गया। कहते हैं कि आखिर ये कैसे सम्भव है कि मृत व्यक्ति को कोरोना का दूसरा डोज दे दिया गया हो। यह स्वास्थ्य विभाग की भारी लापरवाही है। इसकी शिकायत करने की भी बात कही है।


स्वस्थ महकमे में मचा हड़कंप
यह वीडियो तेज़ी से वायरल होने लगा। जिसकी जानकारी स्वास्थ्य विभाग में बैठे आला अधिकारियों तक पहुंची। जिसके बाद महकमे में हड़कंप मच गया। सब एक दूसरे से पूछने लगे कि ये कैसे हुआ। किसकी लापरवाही है। लेकिन, किसी के पास जवाब नहीं। सब एक दूसरे के माथे पर ये ठीकरा फोड़ अपना पल्ला झाड़ने में लगे हैं। ताकि उन पर कोई कार्रवाई नहीं हो।


बोले CS : जांच कर होगी कार्रवाई
मामले को लेकर सिविल सर्जन डॉ. विनय कुमार शर्मा ने बताया कि सेकंड डोज सर्टिफिकेट तभी मिलता है, जब किसी को वैक्सीन लगती है। और वैक्सिन लगने के बाद उसके नाम और आईडी का वेरिफाई कराकर सर्टिफिकेट दिया जाता है। अभी मामला संज्ञान में आया है। पूरे मामले का जांच करवाई जाएगी। जांच के उपरांत जो भी बात सामने आएगी। उसके अनुसार दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

INPUT: Bhaskar

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